मंडी की चौहार घाटी में फिर लहलहाई अफीम की खेती, 15 लाख पौधे नष्ट किए

660
मंडी जिले की चौहार घाटी में लहलहाते अफीम के खेतों में कार्रवाई करती पुलिस। एवं लहलहाते अफीम के खेत।

लगभग 66 बीघा निजी व सरकारी जमीन पर लहलहा रही थी अफीम

मंडी, 13 मई (मुरारी शर्मा)। हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले की चौहार घाटी में दो दशक बाद फिर से भारी मात्रा में अफीम की खेती लहलहाती हुई मिली है। वर्ष 2001 के बाद इतनी भारी मात्रा में यहां पर फिर से खेती होने लगी है। इसका खुलासा पुलिस को खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के बाद की गई छानबीन से हुआ है।

पुलिस अधीक्षक मंडी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के बाद जब पुलिस थाना पधर से टीम भेजी गई तो इसकी पुष्टि हो गई कि दं्रग विधानसभा हल्के की इस चौहार घाटी जो उपतहसील पधर के तहत आती है के कई क्षेत्रों में इस समय अफीम की खेती से खेत लहलहा रहे हैं। इस पर पुलिस ने चार टीमों का गठन किया और बुधवार 12 मई की सुबह इन टीमों को मौके पर भेजा गया। लगभग 6 घंटे के पैदल सफर के बाद ये टीमें जब वहां पर पहुंची तो पाया कि खेतों के खेत अफीम की खेती से लहलहा रहे हैं। मौके पर पाया गया कि लगभग 66 से भी ज्यादा सरकारी व निजी जमीन पर यह पैदावार तैयारी पर आ चुकी थी।

मंडीः रंगड़ों ने 4 को बुरी तरह से काटा, दो गंभीर

इस पर इस डीएसपी पधर की अगुवाई में नष्ट करने के लिए एक अभियान स्थानीय पंचायतों के प्रधानों व राजस्व अधिकारियों की टीम की मौजूदगी में चलाया गया और लगभग 17 घंटे तक चला यह अफीम उखाड़ो अभियान बृहस्पतिवार को शाम 3 बजे टीमों के वापस लौटने पर खत्म हुआ। पुलिस अधीक्षक शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि लगभग 15 लाख पौधे नष्ट किए गए हैं। सैंपल के तौर पर भी इन्हें जब्त करके रखा गया है, ताकि छानबीन में काम आ सकें।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि नशे की इस खेती को खत्म करने के लिए लोगों को आगे आना चाहिए। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि इस तरह की खेती को लेकर यदि उनके पास कोई भी जानकारी है तो वह पुलिस को इस बारे में अवगत करवाए या सीधे उनके मोबाइल 9317221001 पर सूचित कर दें ताकि नशे के इस कारोबार के खिलाफ चल रही लड़ाई को लड़ा जा सके। उन्होंने सूचना देने वालों के नाम गोपनीय रखने व उनकी पूरी सुरक्षा की जिम्मेवारी भी ली है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here